उत्तराखंड की मुख्य सचिव राधा रतूड़ी का कार्यकाल इस 31 मार्च को समाप्त हो रहा है। उन्हें दो बार सेवा विस्तार मिल चुका है। तीसरी बार सेवा विस्तार मिलने की संभावना कम है। इसके साथ ही नए मुख्य सचिव के लिए सुगबुगाहट तेज हो गई है। वरिष्ठता क्रम में 1992 बैच के आईएएस आनंदबर्द्धन हैं, जिनका केंद्र में भी इम्पैनलमेंट हो गया है। हालांकि, उन्होंने यहीं सेवाएं देने की बात कही है। उनके बाद वरिष्ठता क्रम में प्रमुख सचिव एल फैनई और आरके सुधांशु के नाम भी शामिल हैं।
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सचिवालय के सूत्रों के मुताबिक, मुख्य सचिव राधा रतूड़ी भी तीसरे सेवा विस्तार के लिए इच्छूक नजर नहीं आ रही हैं। इस बात को हवा तब मिली जब उन्होंने हाल ही में मुख्य सूचना आयुक्त के लिए आवेदन किया। अब दावेदारों की बात करें तो मुख्य सचिव बनने के लिए कम से कम 30 वर्ष की सेवा अवधि होनी चाहिए। वरिष्ठता के हिसाब से देखें तो 1992 बैच के आईएएस आनंदबर्धन अकेले अफसर हैं, जो इस मानक को हासिल कर रहे हैं। उनका हाल ही में केंद्र में सचिव पद के सापेक्ष इम्पैनलमेंट भी हो गया है। हालांकि उनका कहना है कि वे यहीं सेवाएं देंगे। वर्तमान में आनंदबर्द्धन अपर मुख्य सचिव पद पर सेवाएं दे रहे हैं।
वरिष्ठता क्रम में 1997 बैच के प्रमुख सचिव एल फैनई और प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री आरके सुधांशु भी हैं। अभी ये अपर मुख्य सचिव पद के लिए पात्र होने वाले हैं। सरकार के पास विकल्प काफी सीमित हैं। उम्मीद की जा रही है कि इसी माह के आखिर तक अगले मुख्य सचिव के नाम से पर्दा हट जाएगा।